स्विमिंग पूल निर्माण के लिए 4.34 करोड़ रुपए का प्रावधान था, इसमें से 2.5 करोड़ खर्च कर दिए। 2 करोड़ रुपए और लगेंगे, ऐसा ही रहा तो तीन साल और स्विमिंग पूल नहीं बनेगा। बजट की स्थिति ठीक नहीं है। इसलिए पहले फिल्टर प्लांट बनाएं और टाइल्स लगाकर पूल शुरू करो। बाउंड्रीवाल बन गई, टॉयलेट बन गए। दो महीने में पूरा काम कर सकते हैं। बाकी काम निरस्त करें। जनकार्य एवं उद्यान विभाग की समीक्षा करते हुए यह बात विधायक देवेंद्र वर्मा ने कही। उन्होंने कहा स्विमिंग पूल में बचे हुए तीन ट्रस लगाकर ऐसा ही रहने दें, छत का प्रावधान निरस्त करें और आवश्यक काम कराएं।
संजय नगर व बंगाली कॉलोनी में प्रस्ताव बनाया था, वहां निर्माण नहीं हुआ है तो निगम की संबंधित भूमि के पट्टे वहां रहे रहे लोगों को देकर उन्हें पीएम आवास योजना में शामिल करें। चंपा तालाब सहित शहर के अन्य ऐसे क्षेत्रों में रह रहे लोगों को भी प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत राशि दी जाए।
एमआर रोड आपस में जोड़कर सर्विस रोड बनाएं
शहर के एमआर रोड आपस में जोड़कर सर्विस रोड बनाने की बात भी विधायक ने अफसरों से कही। उन्होंने कहा कि नेहरू स्कूल ईदगाह रोड का चौड़ीकरण करें, एसएन कॉलेज के पास से रेलवे अंडर ब्रिज होते हुए पंधाना रोड, आनंदनगर से दीनदयालपुरम होते हुए मोघट नागचून रोड, इंदौर नाका से औद्योगिक नगर होते हुए सिंघाड़ तलाई तक की सड़कों को जोड़ने की कार्ययोजना और प्रस्ताव बनाए।
बिजली विभाग को राशि जमा करें और ग्रिड का काम शुरू करें
ट्रांसपोर्ट नगर का निरीक्षण करते हुए विधायक ने कहा बिजली ग्रिड के लिए विभाग से चर्चा कर तय राशि जमा करें और काम शुरू करें। बड़े प्लाटों को छोटा कर नक्शा स्वीकृत कराएं। नगर तथा ग्राम निवेश विभाग से भी चर्चा कर विभागीय औपचारिकता पूरी कर व्यवसायियों को प्लाट आवंटन के लिए उनसे चर्चा करें।
बैठक में विधायक वर्मा ने यह भी दिए निर्देश
- कॉम्पलेक्स में पानी भर रहा है तो नाला बनाकर करें निकासी
- जिन शापिंग कॉम्प्लेक्स में दुकानें नीलाम नहीं हुई उन्हें नीलाम करें।
- महिला मार्केट में दुकानें यदि कोई नहीं ले रहा है तो उसे व्यवस्थित करें। या उसे गोदाम बना कर किसी को दे दें।
- संजय नगर-दादाजी वार्ड में नालियां घरों से ऊंची बना दी है। पानी निकासी कराएं।
- 1400 घरों में शौचालय नहीं है, प्रत्येक घर में बनवाएं।
छत के लिए ही पूल नहीं बना, फिर टाइल्स टूटने का अंदेशा
सुभाष कोठारी के कार्यकाल में स्विमिंग पूल को ओलंपिक स्तर का बनाने की कोशिश की। छत बनाने में स्विमिंग पूल की टाइल्स नहीं टूटे इसलिए पहले ट्रस का काम किया। अब विधायक ने छत का प्रस्ताव निरस्त कर पहले टाइल्स लगाने और फिल्टर प्लांट बनाने के निर्देश दिए। इस स्थिति में बाद में ट्रस लगाते वक्त टाइल्स टूटने का अंदेशा रहेगा।
छत में लगा सकते हैं तिरपाल या प्लास्टिक की शीट
बैठक के बाद विधायक ने कहा कि ट्रस चढ़ गई है। अभी पैसे नहीं है इसलिए आवश्यक काम कराने के लिए कहा है। बाद में छत फोल्डिंग, तिरपाल या प्लास्टिक की शीट से बनाई जा सकती है। खंडवा में ट्रेनिंग के लिए छोटा स्विमिंग पूल की जरूरत है। इसकी ऊंचाई छह फीट है। इसे इंटरनेशनल करने की जरूरत नहीं है।
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